लखनऊ। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (KGMU) के गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों के लिए बड़ी खबर है। शासन के निर्देशानुसार, केजीएमयू प्रशासन ने विश्वविद्यालय में कार्यरत विभिन्न संवर्ग के कर्मचारियों को संजय गांधी पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (SGPGI) के समान वेतनमान और अन्य सुविधाएं शासनादेश की तिथि 23 अगस्‍त 2016 से देने का आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है।

कुलसचिव कार्यालय द्वारा जारी कार्यालय आदेश के अनुसार, शासन के निर्णय और विश्वविद्यालय कार्यपरिषद की बैठक में मिली मंजूरी के बाद समस्‍त कर्मचारियों को यह लाभ 23 अगस्त 2016 से प्रभावी माना जाएगा। इस फैसले से कंप्यूटर विभाग, लैब तकनीशियन, डायटीशियन और प्रशासनिक सेवा से जुड़े सैकड़ों कर्मचारियों को सीधा आर्थिक लाभ होगा। इसका मतलब है कि पिछले करीब 10 वर्षों का कर्मचारियों को एरियर का भी भुगतान किया जाएगा।

किन पदों के वेतनमान में हुआ बदलाव?

जारी आदेश के तहत कई महत्वपूर्ण पदों के ग्रेड पे और पे-बैंड में सुधार किया गया है:

  • कंप्यूटर ऑपरेटर: कंप्यूटर ऑपरेटर ग्रेड-ए (ग्रेड पे 2400) को अब एसजीपीजीआई के डेटा एंट्री ऑपरेटर ग्रुप-सी (ग्रेड पे 4200) के बराबर वेतन मिलेगा।

  • प्रशान सहायक: प्रधान सहायक (ग्रेड पे 4200) को अब सहायक प्रशासनिक अधिकारी के रूप में 4600 ग्रेड पे का लाभ मिलेगा।

  • लैब टेक्‍नीशियन: लैब टेक्‍नीशियन (ग्रेड पे 2800) का पदनाम अब मेडिकल लैब टेक्नोलॉजिस्ट होगा और उन्हें 4200 ग्रेड पे मिलेगा।

  • नेत्र सहायक व अन्य: नेत्र सहायक और ओटी असिस्टेंट जैसे अन्य तकनीकी पदों के वेतनमान को भी पीजीआई के समकक्ष संशोधित किया गया है।

आदेश में स्पष्ट किया गया है कि इन कर्मचारियों को न केवल बढ़ा हुआ वेतन, बल्कि पीजीआई के समान ही भत्ते और अन्य सुविधाएं भी अनुमन्य होंगी। इस फैसले से लंबे समय से वेतन विसंगति की मार झेल रहे कर्मचारियों में हर्ष का माहौल है। शासन ने यह कदम केजीएमयू और पीजीआई के कर्मचारियों के बीच कार्य और उत्तरदायित्व की समानता को देखते हुए उठाया है।

केजीएमयू के कर्मचारियों में इस आदेश के बाद खुशी की लहर है।