Lucknow: बच्चों को डिप्थीरिया और टिटनेस जैसी बीमारी से बचाने के लिए 20 से 30 अप्रैल तक राज्यव्यापी स्कूल-आधारित टिटनेस व डिप्थीरिया ((TD) टीकाकरण (Vaccination) अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत स्कूली बच्चों को डीपीटी (DPT) बूस्टर डोज दी जायेगी, ताकि उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत किया जा सके।

राज्य प्रतिरक्षण अधिकारी डा. अजय गुप्ता के अनुसार 20, 21, 23, 24, 27 एवं 28 अप्रैल को स्कूल आधारित टीडी/डीपीटी अभियान चलाया जाएगा। यह अभियान सभी सरकारी व सरकारी सहायता प्राप्त विद्यालयों में चलाया जायेगा। अभियान के दौरान सभी स्कूलों में कक्षा एक में पढऩे वाले बच्चों को डीपीटी-2 बूस्टर, कक्षा 4 एवं 5 में पढऩे वाले बच्चों को टीडी-10 और कक्षा 10 और 11 में पढऩे वाले बच्चों को टीडी-16 का टीका लगाया जाएगा। अभियान के लिए प्रत्येक विद्यालय में नोडल अध्यापक को नामित करने और अभिभावकों को प्रेरित करने के निर्देश दिए गए हैं।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के महाप्रबंधक, नियमित टीकाकरण डॉ मनोज शुक्ल ने बताया कि स्कूल आधारित टीकाकरण से जहां बच्चों को समय पर सुरक्षा मिलती है वहीं अभिभावक छुट्टी लेने के झंझट से बच जाते हैं। यह टीका डिप्थीरिया सहित चोट से होने वाले संक्रमण से बचाता है। हमारा लक्ष्य है कि हर बच्चे को समय पर सभी जरूरी टीके लगें। कोई भी बच्चा टीकाकरण से वंचित न रहे।

टीकाकरण के बाद रखें ध्यान

डा. मनोज के अनुसार यदि किसी बच्चे को टीडी बूस्टर नहीं लगा है तो वह भी टीडी-10 या टीडी-16 लगवा सकता है। सामान्यत: टीका लगने के बाद कोई दुष्प्रभाव नहीं होता है, लेकिन कभी-कभी हल्का बुखार हो सकता है। जिसके लिए एएनएम द्वारा दवा दी जाती है। टीका लगने के आधा घंटे तक बच्चों को देखरेख में रखा जाता है।

साल दर साल बढ़ रहा टीकाकरण का आंकड़ा

साल 2024-25 की तुलना में 2025–26 में टीकाकरण कवरेज में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। ये आंकड़े बताते हैं कि अब अधिक बच्चे समय पर टीडी टीकाकरण करवा रहे हैं।

क्लास                           2024-25             2025-26
कक्षा 1 (डीपीटी-2 बूस्टर) 40,55,406           41,89,094
कक्षा 4–5 (टीडी-10)        36,50,769           48,82,502
कक्षा 10–11 (टीडी-16)     30,85,555          35,56,299